इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर में पुलिस शहर के प्रमुख चौराहों पर शराब पीकर वाहन चलाने के मामले में रसूखदार लोगों को पकड़ती है और उनके खिलाफ मामला भी दर्ज करती है. लेकिन, आरोपियों की जगह दूसरे नामों से चालान पेश कर देती है. इस मामले में जेएमएफसी जय कुमार जैन की अदालत ने शनिवार को एमजी रोड पुलिस को पुलिस उपायुक्त जोन-2, थाना प्रभारी लसूड़िया, उपनिरीक्षक राहुल डाबर और अन्य के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने के निर्देश दिए थे.

जिला और सत्र न्यायालय की ओर से एमजी रोड पुलिस को अनियमितता पाए जाने पर दिए गए आदेश के बाद अब इंदौर पुलिस पुनरीक्षण आवेदन दायर करेगी. एडिशनल एसीपी अमित सिंह ने बताया कि पुलिस को न्यायालय के आदेश मिल गए हैं और उन्हें उच्चाधिकारियों के संज्ञान में मामले को लाया गया है. अब पुलिस अधिकारी न्यायालय के आदेश और उसमें दी गई अन्य सुसंगत बातों का अध्ययन करेंगे और न्यायालय के आदेशों के रिवीजन आवेदन पर आगे की कार्रवाई करेंगे.

जेएमएफसी जय कुमार जैन की अदालत ने शनिवार को एमजी रोड पुलिस को पुलिस उपायुक्त जोन-2, थाना प्रभारी लसूड़िया, उपनिरीक्षक राहुल डाबर और अन्य के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने के निर्देश दिए थे. कोर्ट ने इंदौर पुलिस की अनियमितताएं पकड़ी हैं. अदालत ने पाया कि कुछ मामलों में पुलिस शहर के प्रमुख चौराहों पर शराब पीकर वाहन चलाने के मामले में रसूखदार लोगों को पकड़ती है और उनके खिलाफ मामला भी दर्ज करती है. आरोपियों की जगह दूसरे नामों से चालान पेश कर दिए जाते हैं. इनमें से अधिकतर लोग ऐसे हैं जो या तो घटना के समय वहां मौजूद नहीं थे या फिर नशे में थे.