भोपाल: मध्य प्रदेश में बजट सत्र से पहले सियासी पारा हाई बना हुआ है. कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी एकदम रोल में है और लगातार सरकार पर निशाना साध रहे हैं. सोमवार को उन्होंने बीजेपी के संकल्प को निशाने पर लिया और गेहूं के समर्थन मूल्य को लेकर सरकार को चेतावनी दी है. पटवारी के बयान के बाद भाजपा ने भी पलटवार किया है. बीजेपी प्रदेश मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल ने तंज कसते हुए उन्हें पहले अपनी पार्टी के भीतर निपटने की सलाह दी है.

जीतू पटवारी ने कहा कि अगर सरकार ने 2700 रुपए गेहूं का समर्थन मूल्य देने आदेश जारी नहीं की तो कांग्रेस बड़े स्तर पर प्रदर्शन करेगी. अभी हम सरकार से निवेदन कर रहे हैं. बाद में कांग्रेस पार्टी अपना काम करेगी. 450 रुपए में गैस सिलेंडर देने के वादे पर भी सरकार बात नहीं कर रही है. विधायक दल की बैठक में यह तय किया जाएगा कि सभी विधायक एक साथ इस मुद्दे को विधानसभा कैसे उठायेंगे.

मध्यप्रदेश को सड़कों की सौगात पर सियासी बवाल हुआ है. कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सवाल उठाते हुए कहा कि नितिन गडकरी जो भी रोड बनाते हैं वह बिना टोल टैक्स के नहीं बनती. हर सड़क पर 60 किलोमीटर चलने पर व्यक्ति को टैक्स चुकाना होता है. पुल से निकलने पर टोल देना होता है. केंद्र सरकार आम जनता से जीएसटी वसूल कर सड़क बनाती है. गडकरी टोल टैक्स वसूलकर सड़क बनाते हैं. यदि वास्तविकता में जनता को राहत देने के लिए कोई विकास कार्य होता है तो कांग्रेस पार्टी उसके साथ खड़ी है.

सड़कों ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के बयान पर बीजेपी भड़क गई है. बीजेपी प्रदेश मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल ने तंज कसते हुए कहा कि आज मध्यप्रदेश के लिए बड़ा दिन है. डबल इंजन की सरकार मध्यप्रदेश का चौमुखी विकास कर रही है. कांग्रेसियों का बौखलाना स्वाभाविक है. 10 साल में जो UPA की सरकार नहीं कर पाई वो हमने कर दिखाया. बीजेपी के विकास से कांग्रेस चिंतित है.

गेहूं खरीदी को लेकर जीतू पटवारी के आरोपों पर बीजेपी ने पलटवार किया. आशीष अग्रवाल ने कहा कि बीजेपी ने कहा संकल्प पत्र में वादे नहीं गारन्टी है. यह मोदी की गारंटी पूरी होने की गारंटी है, हर एक गारंटी को अक्षरश: पूरा किया जाएगा. किसानों की चिंता कांग्रेस ना करें किसानों के हित में हमेशा बीजेपी ने फैसला लिया है. कांग्रेस ने तो किसानों को गोलियों से भुनवा दिया था. जीतू पटवारी ये चिंता करें कि कमलनाथ गुट से उन्हें कैसे निपटना है.