ग्वालियर। रेप जैसे मामलों में तत्काल कार्रवाई हेतु पीडि़त को न्याय दिलाने बाबत ग्वालियर जिले में समूचे प्रदेश में पहला कानूनी ब्लू प्रिंट तैयार किया गया हैं, जिससे अब आरोपियों के खिलाफ 15 दिन में चार्जशीट पेश कर दी जाएगी और 45 से 50 दिवस के भीतर आरोपी दंडित भी हो सकेंगे।
आज ग्वालियर के जिला मजिस्ट्रेट व कलेक्टर पी. नरहरि एवं जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. जीके पाठक ने संयुक्त पत्रकारवार्ता में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में सबसे पहले रेप जैसे मामलों में कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री ने जो पहल की हैं, उसमे ग्वालियर ने सबसे पहले यह ब्लू प्रिंट तैयार कर लिया है। कलेक्टर पी. नरहरि ने बलात्कार के प्रकरणों अभियोजन पक्ष मजबूत हो, इसके लिए तय किए 20 बिन्दुओं की जानकारी देते हुए कहा कि पहले दिन से कार्रवाई करते हुए १९वें दिन प्रकरण न्यायालय में पेश करवाएंगे तथा 21 से 23वें दिन तक ट्रायल अवधि रहेगी। सभी गवाहों की तामीली इसी अवधि में होगी। न्यायालय में 24वें दिन से 27वें दिन तक साक्ष्यपूर्ण कराने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अभियोजन पक्ष की कार्रवाई पूर्ण होने के अगले दिन आरोपी के बयान के लिए न्यायालय में निवेदन करेंगे। साथ ही बचाव साक्ष्य के लिए २९वां दिन निर्धारित किया है।
उन्होंने बताया कि मेडीक ल रिपोर्ट शीघ्र मिले इसके लिए डॉक्टरों का एक प्रशिक्षण शिविर लगाया जाएगा तथा पीडि़त महिला व आरोपी का डीएनए परीक्षण जरुरत पडऩे पर कराया जाएगा। यह रिपोर्ट न्यायालय में पेश की जाएगी। उन्होंने कहा कि जांच में एफएसएल रिपोर्ट का भी सहयोग लिया जाएगा। कलेक्टर पी. नरहरि, पुलिस अधीक्षक डॉ. जीके पाठक ने कहा कि अगर कोई पुलिस अधिकारी संवेदनहीनता बरतता है और छेड़छाड़ या बलात्कार के संगीन अपराधों के मामलें दर्ज करने में आनाकानी करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधीक्षक डॉ. पाठक ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में इस तरह की घटनाओं में पुलिस कार्रवाई में तत्परता दिखाएं, इस पर हम खास ध्यान दे रहे हैं। मॉनिटरिंग के लिए एक सॉफ्टवेयर तैयार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि शासन स्तर पर निर्देश मिलने पर इस कार्ययोजना को प्रभावीढंग से लागू करेंगे। इस अवसर पर अपर जिला दंडाधिकारी सत्येन्द्र सिंह व संयुक्त संचालक जनसंपर्क एलएन चौधरी भी उपस्थित थे।